उत्तर प्रदेश बेरोजगारी भत्ता | ऑनलाइन आवेदन कैसे करे

उत्तर प्रदेश बेरोजगारी भत्ता योजना

प्रदेश सरकार ने बेरोजगारी भत्ता वितरण योजना शुरू की है। इस योजना के तहत उन युवाओं को लाभांवित किया जाएगा, जो शिक्षित होने के साथ बेरोजगार भी हैं। योजना का लाभ सिर्फ उन्हीं युवाओं को मिलेगा, जो सेवायोजन विभाग की ओर से पंजीकृत हैं। योजना का विस्तार किया जाएगा, जिसके तहत चरणबद्ध तरीके से युवाओं को भत्ता दिए जाने का इंतजाम किया गया है। आवेदन के लिए क्या-क्या करना होगा, योजना के लिए पात्रता क्या तय की गई है? इससे जुड़ी सभी जरूरी जानकारी आपके साथ साक्षा की जाएगी। आर्टिकल पर अंत तक बने रहें। 

कितना बेरोजगारी भत्ता मिलता है

उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से फिलहाल इसके लिए किसी तरह का नोटिफिकेशन जारी नहीं किया गया है। माना जा रहा है कि बेरोजगार युवाओं को भत्ते के रूप में 1000 से लेकर 1500 रुपये तक दिए जा सकते हैं। इसके लिए समय सीमा का निर्धारण भी नहीं किया गया है। अगर किसी युवा की नौकरी लग जाती है, तो उसे इसकी जानकारी सेवायोजन विभाग को देना होगा। नौकरी के बाद भत्ता देने की व्यवस्था नहीं है। आवेदक इसके लिए सेवायोजन विभाग की वेबसाइट पर विजिट कर पूरी जानकारी हासिल कर सकते हैं।  

कमजोर वर्ग के युवाओं को मिलेगा लाभ

बेरोजगारी भत्ता वितरण योजना का लाभ कमजोर वर्ग के युवाओं को मिलेगा। सरकार ने इसके लिए नियम बनाए हैं। योजना का लाभ सिर्फ उन्हीं शिक्षित और बेरोजगार युवाओं को मिलेगा, जिनकी पारिवारिक सालाना आय तीन लाख रुपये से ज्यादा नहीं है। तीन लाख रुपये से ज्यादा वार्षिक आय वाले परिवार इसके लिए पात्र नहीं माने जाएंगे।

   जरूरी दस्तावेज

  • आय प्रमाणपत्र
  • आधार कार्ड
  • आयु प्रमाणपत्र
  • वोटर आईडी कार्ड
  • निवास प्रमाणपत्र
  • पासपोर्ट साइज फोटो
  • शैक्षिक प्रमाणपत्र

  योजना के लिए पात्रता

  1. उत्तर प्रदेश के मूल निवासी ही आवेदन कर सकते हैं।
  2. आवेदन के लिए कम से कम कक्षा 10 पास होना जरूरी है।
  3. परिवार की सालाना आय तीन लाख से ज्यादा नहीं होनी चाहिए।
  4. आवेदक की आयु 21 से 35 साल के बीच होनी चाहिए।

 पंजीकरण जरूरी है

  • प्रदेश सरकार की बेरोजगारी भत्ता वितरण योजना का लाभ हासिल करने के लिए रोजगार दफ्तर में पंजीकरण करना जरूरी है।
  • अगर किसी का पंजीकरण नहीं है तो इसके लिए आवेदन नहीं कर सकता है। पंजीकरण के लिए फार्म भरना होगा।
  • उत्तर प्रदेश के सभी जिलों में रोजगार दफ्तर मौजूद है। आवेदक संबंधित कार्यालय में पहुंचकर पंजीकरण करा सकते हैं।
  • पंजीकरण फार्म के साथ सभी जरूरी शैक्षणिक प्रमाणपत्रों और पासपोर्ट साइज फोटो को अटैच करना होगा।

भत्ता के लिए ऑनलाइन आवेदन करें

  • आवेदक बेरोजगारी भत्ता हासिल करने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार की ऑफीशियल वेबसाइट sewayojna.up.nic.in पर विजिट कर सकते हैं।
  • ऑफीशियल वेबसाइट पर विजिट करने के बाद आवेदक नया पंजीकरण पोर्टल पर क्लिक कर सकते हैं।
  • आवेदक यहां अपना नाम, माता-पिता का नाम, घर का स्थायी और अस्थायी पता, मोबाइल नंबर लिख सकते हैं।
  • यूजर आईडी और पासवर्ड को भी क्रीएट किया जा सकता है। आवेदक इसकी मदद से अपडेट देख सकते हैं।

दस्तावेजों को अपलोड करें

  • आवेदक पंजीकरण फार्म के सभी कॉलम को भरने के बाद जरूरी दस्तावेजों को कंप्यूटर पर अपलोड कर सकते हैं।
  • हस्ताक्षर, पासपोर्ट साइज फोटो को भी स्कैन कर अपलोड करें। आवेदक इसके बाद सबमिट बटन पर क्लिक कर सकते हैं।
  • बेरोजगारी भत्ता के लिए पंजीकरण की प्रक्रिया पूरी हो जाएगी। आवेदक सेवायोजना कार्यालय से पूरी जानकारी हासिल कर सकते हैं।

बैंक में ट्रांसफर होंगे पैसे

बेरोजगारी भत्ता वितरण बैंकों के जरिए किया जाएगा। शिक्षित और बेरोजगार युवाओं, जिनका चयन इस योजना के लिए किया गया है, उनके बैंक अकाउंट में रुपये ट्रांसफर किए जाएंगे। आवेदकों को इसके लिए आवेदन करने से पहले किसी भी राष्ट्रीयकृत बैंकों में खाता खुलवाना होगा।

सेवायोजन से नौकरी के अवसर भी

सेवायोजन कार्यालय में पंजीकरण कराने के कई फायदे हैं। आवेदक बेरोजगारी भत्ता हासिल करने के हकदार तो हो ही, जाएंगे, उनके लिए नौकरी के अवसर भी खुले रहेंगे। ऐसी ढेर सारी प्राइवेट कंपनियां हैं, जो सेवायोजन विभाग के जरिए अपने यहां गार्ड, कंप्यूटर ऑपरेटर, हेल्पर, हाउस स्क्रीपिंग, सेल्समैन आदि पदों पर लोगों की भर्ती करती हैं। सरकार विभागों में भी संविदा और अस्थायी कर्मचारियों को लिए भर्ती की जाती है। सेवायोजना विभाग में पंजीकृत युवाओं को इसमें तरजीह मिल सकती है।

पोर्टल पर जारी किया जाएगा नोटिफिकेशन

प्रदेश सरकार की ऑफीशियल वेबसाइट को अपडेट किया जाता है। आवेदक पोर्टल के जरिए पंजीकरण की जानकारी हासिल कर सकते हैं। उन्हें नौकरी के लिए सूचित किया जाता है। सरकारी विभाग और प्राइवेट कंपनियों द्वारा वैकेंसी निकाली जाती है। इसकी जानकारी भी पंजीकृत बेरोजगार युवाओं को प्रदान की जाती है। युवाओं को इंटरव्यू के लिए बुलाया जाता है। सेवायोजन कार्यालय की ओर से इससे संबंधित नोटिफिकेशन जारी किया जाता है।

पहले भी थी व्यवस्था

उत्तर प्रदेश में 2012 में समाजवादी पार्टी की सरकार बनने के बाद बेरोजगारी भत्ता वितरण योजना शुरू की गई थी। कक्षा दस पास युवाओं को भत्ते के रूप में हर महीने 1000 रुपये दिए का प्रावधान था। पहले चरण के लिए प्रदेश के तीन लाख से ज्यादा युवाओं का चयन किया गया था। दूसरे और तीसरे चरण में भी बड़ी संख्या में बेरोजगार युवाओं को लाभांवित किया गया था। 2014 में लोकसभा चुनाव के बाद इस योजना को पूरी तरह से बंद कर दिया गया था।

Anand Sivastava